आरएलपी का कांग्रेस में विलय नहीं होगा लेकिन गठबंधन से परहेज नहीं- बेनीवाल
राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी के संयोजक हनुमान बेनीवाल ने अपनी पार्टी का कांग्रेस में विलय करने की अटकलों को विराम दे दिया है। आरएलपी को मेहनत से तैयार की हुई पार्टी बताते हुए लोकसभा चुनाव में पूरी ताकत के साथ उतरने के संकेत दिए हैं। नागौर दौरे पर हनुमान बेनीवाल ने मंगलवार को पत्रकारों से बातचीत में भाजपा सहित स्थानीय सांसद व केंद्रीय राज्यमंत्री सी आर चौधरी का नाम लिए बगैर उन्हें शादियों व मौखान पर समय बिताने वाला मंत्री करार दिया है।
लोकसभा चुनाव नजदीक है ऐसे में सभी दल अपनी अपनी गणित बिठाकर जीत के गुणा भाग में लगे हुए है। बीते दिनों अशोक गहलोत से हुई मुलाकात के बाद आरएलपी के संयोजक और नागौर के खींवसर से विधायक हनुमान बेनीवाल को लेकर भी चर्चाए है कि कांग्रेस से गठबंधन कर सकते है। इसको लेकर बेनीवाल ने भी अपने नागौर दौरे के दौरान संकेत दिए है। लेकिन यह भी कहा है कि उनकी पार्टी आरएलपी की एक दो दिन में कोर कमेटी की बैठक होगी और बैठक में ही गठबंधन को लेकर फैसला होगा। बैठक के बाद ही तय हो पायेगा की किसके साथ गठबंधन करके शामिल होना है।
भाजपा की टिकट सूची को लेकर बेनीवाल ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि विधानसभा चुनाव के दौरान जहां जिन सीटो पर भारी विरोध देखा जा रहा था उन सीटों के टिकट वितरण में भाजपा के नेताओ और वसुंधरा राजे ने करोड़ों रुपए लेकर टिकट वितरण किए थे।
पत्रकारों से बातचीत में हनुमान बेनीवाल ने पहली बार कांग्रेश वह मुख्यमंत्री अशोक गहलोत पर कोई भी आरोप नहीं जड़ा है। इस दौरान बेनीवाल ने यह भी कहा कि उनकी पार्टी ने वर्षो से जो मेहनत की युवाओ किसानों के लिए जो आवाज उठाई है उसको जाया नही जाने देंगे । बेनीवाल ने कांग्रेस पर कोई आरोप भी नही लगाना कही न कही यह इस बात का इशारा तो नही की हनुमान बेनीवाल की नजदीकियां कांग्रेस से हो रही है और लोकसभा चुनाव में गठबंधन कर महागठबंधन में शामिल हो सकते है।
कांग्रेस पर नर्म भाजपा पर बेनीवाल हुए गर्म.. कांग्रेस के संग होगा याराना!
बेनीवाल ने यह भी कहा कि यह पता भी चल जाएगा कि कांग्रेस में कौन कौन निर्दलीय विधायक और कौन अन्य नेता शामिल हो रहे है। उन्होंने कहा कि आरएलपी कांग्रेस में शामिल होने वाले नेताओं के रुख के बाद ही लोकसभा चुनाव की रणनीति बनाकर मैदान में उतरेगी।
कांग्रेस के प्रति सॉफ्ट कॉर्नर रखते हुए हनुमान बेनीवाल ने पहली बार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह पर पार्टी को हाईजैक कर लेने के गंभीर आरोप लगाए। बिना नाम लिए नागौर सांसद पर राज्य मंत्री होते हुए भी मोदी की मात्र कठपुतली बताया है। उन्होंने कहा कि सत्ता का पावर सिर्फ एक ही जगह नरेंद्र मोदी और अमित शाह के पास ही है। नागौर से मंत्री बनाए गए सांसद को फाइल भी नहीं दिखाते हैं जिससे वे दिल्ली में कम नागौर में शादियों का मौखान पर घूमते रहते हैं।
उन्होंने भाजपा में नरेंद्र मोदी को सलाह दी कि सर्जिकल स्ट्राइक का श्रेय लेने से बचें सर्जिकल स्ट्राइक सेना ने की है। बेनीवाल ने कर्ज माफी की चर्चा करते हुए बताया कि संपूर्ण कर्ज माफी के लिए कई साल तक आंदोलन किया था। अब हम प्रयास करेंगे कि इस आंदोलन को राजस्थान से दिल्ली तक ले जाया जाएगा। उन्होंने राजस्थान वासियों से अपील की है कि ऐसे सांसद चुनकर भेजे जो संसद में राजस्थान को विशेष राज्य का दर्जा दिलाने की मांग करें।


कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें