प्रेमी जोड़े ने लगाई सुरक्षा की गुहार, कोर्ट ने सुनी उनकी बात और दी सुरक्षा
मर्जी से घर छोड़कर प्रेमी के साथ शादी रचाने वाली युवती के लिए उसके अपने परिजन ही खतरा बन गए। पन्द्रह दिन पूर्व घर छोड़ कर गई युवती सोमवार को नागौर मुंसिफ कोर्ट मे पति के साथ शादी के जोड़े में प्रार्थना पत्र लेकर पहुंची और सुरक्षा की गुहार लगाई। कोर्ट ने अर्जी पर सुनवाई करते हुए फैसला दिया कि नागौर पुलिस अधीक्षक इस मामले में आवश्यक कानूनी कार्यवाही करते हुए बालिक जोड़े को सुरक्षा प्रदान करें।
कोर्ट के आदेश पर नागौर पुलिस अधीक्षक ने कार्रवाई करते हुए बीकानेर पुलिस अधीक्षक , पांचू थाना और पांचौडी थाने को कानूनी कार्यवाही के लिए पत्र प्रेषित कर दिया है।
इस संबंध में याचिकाकर्ता युवक गोविंद राम प्रजापत ने बताया कि 2 साल पहले समाज की मौजूदगी में दोनो परिवारो की सहमति अनुसार सगाई तय हुई थी। परिजनों ने शादी बालिग होने पर ही करने का निर्णय लिया था। युवक ने बताया कि आखिरकार वक्त आ गया और दोनों एक दूसरे को प्यार करने लगे। मंगेतर चूकी अपने घर से भागकर उसके जिले के पंचोली थाना क्षेत्र के गांव भूडेल आ गई थी। युवती चुकी ने बताया कि परिजनों ने मुझे जबरन बंदी बनाकर रखा तथा उसकी शादी मर्जी के खिलाफ तय की है।
पिता मोडाराम मेरे मंशा के अनुरूप अब कातर के रहने वाले उम्रदराज व्यक्ति से करने जा रहे है। परिजनों द्वारा शादी तय करने पर शादी के खिलाफ परिजनों को साफ मना करने पर आखिरकार परिजनों ने 13 मार्च को उसके साथ मारपीट की। उसने बताया कि आखिरकार मौका देखकर घर से फरार हो गई। कोर्ट को दिए गए प्रार्थना पत्र में चुपके ने बताया कि उसके भागने के निर्णय से नाराज होकर पिता ने थाना पांचू मे गुमशुदगी दर्ज करवाई।
चुकी घर से फरार होकर युवक गोविंदराम के घर भुडेल पहुंच गई और दोनों ने भाग कर शादी कर ली। चुकी ने कहा कि एसपी के समक्ष आशंका जताई कि परिवारजन नाराज हैं और वे उन्हें कोई हानि पहुंचा सकते हैं। नव दंपती ने सुरक्षा दिए जाने की मांग की। एसपी ने उन्हें नागौर पुलिस सुरक्षा में अब पांचू थाने में भिजवा दिया। अब आगे पुलिस उन्हें उनकी इच्छानुसार किसी सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने की व्यवस्था कर रही है।


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